मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने दिल्ली-एनसीआर के सबसे बड़े विकास केंद्र नोएडा और यमुना सिटी को हजारों करोड़ रुपये की परियोजनाओं की सौगात दी
नोएडा। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को अपने नोएडा दौरे के दौरान दिल्ली-एनसीआर के सबसे बड़े विकास केंद्र नोएडा और यमुना सिटी को कई बड़ी परियोजनाओं की सौगात दी। इस दौरान एक ओर नोएडा के लिए लगभग 390 करोड़ रुपये की लागत से तैयार अत्याधुनिक प्रशासनिक भवन का उद्घाटन किया गया, वहीं दूसरी ओर यमुना एक्सप्रेसवे औद्योगिक विकास प्राधिकरण (YEIDA) क्षेत्र में 15,023 करोड़ रुपये के औद्योगिक निवेश की आधारशिला रखी गई। इसके अलावा 2,478 करोड़ रुपये की लागत वाली 69 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण और शिलान्यास भी किया गया।
यमुना सिटी के सेक्टर-10 में जिन तीन बड़े विनिर्माण संयंत्रों की शुरुआत की गई है, उनमें सोलर पैनल, सेमीकंडक्टर और होम एप्लायंस से जुड़े उद्योग स्थापित होंगे। इन परियोजनाओं से करीब 10 हजार स्थानीय युवाओं को सीधे रोजगार मिलने की संभावना है। वहीं परिवहन, लॉजिस्टिक्स, वेयरहाउसिंग, सुरक्षा, खानपान और अन्य सहयोगी सेवाओं में भी हजारों अप्रत्यक्ष रोजगार के अवसर पैदा होंगे।
नोएडा के कई इलाकों में लंबे समय से पेयजल और सीवर व्यवस्था बड़ी समस्या बनी हुई थी। इसे देखते हुए करीब 18.40 करोड़ रुपये की लागत वाली बंद पड़ चुकी रेनीवेल-4 परियोजना को दोबारा शुरू किया गया है। इसके चालू होने से कई सेक्टरों में पानी की आपूर्ति बेहतर होगी और पर्याप्त दबाव के साथ स्वच्छ पानी उपलब्ध हो सकेगा।
इसके अलावा नोएडा-ग्रेटर नोएडा एक्सप्रेसवे के किनारे लगभग 27 करोड़ रुपये की लागत से दो नई सीवर लाइनें शुरू की गई हैं। इससे आसपास की सोसायटियों और गांवों में जलभराव तथा सीवर ओवरफ्लो जैसी समस्याओं से बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
सेक्टर-96 में करीब 390 करोड़ रुपये की लागत से बना सात मंजिला आधुनिक प्रशासनिक भवन अब लोगों की सेवा के लिए तैयार है। इस भवन में नोएडा प्राधिकरण से जुड़े लगभग सभी विभाग एक ही परिसर में काम करेंगे। इससे लोगों को रजिस्ट्री, भवन का नक्शा पास कराने, पानी-बिजली और अन्य प्रशासनिक सेवाओं के लिए अलग-अलग कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। एक ही छत के नीचे सभी काम तेजी और पारदर्शिता के साथ पूरे हो सकेंगे।
69 नई विकास परियोजनाओं के शुरू होने से पूरे नोएडा और यमुना सिटी के बुनियादी ढांचे में बड़ा बदलाव आने की उम्मीद है। बेहतर सड़कें, आधुनिक सीवर नेटवर्क और इलेक्ट्रॉनिक सिटी जैसे नए बिजनेस क्लस्टर विकसित होने से क्षेत्र में निवेश बढ़ेगा और प्रॉपर्टी की कीमतों में भी तेजी आ सकती है। जिन लोगों ने पहले से यहां घर, फ्लैट या दुकान खरीदी है, उन्हें अपने निवेश का बेहतर लाभ मिलने की संभावना है। वहीं नए आवासीय और व्यावसायिक प्लॉट आने से घर बनाने और कारोबार शुरू करने के इच्छुक लोगों के लिए भी नए अवसर खुलेंगे।
विशेषज्ञों का मानना है कि इन परियोजनाओं के पूरा होने के बाद नोएडा और यमुना सिटी न केवल औद्योगिक विकास के नए केंद्र के रूप में उभरेंगे, बल्कि रोजगार, आधारभूत सुविधाओं और निवेश के लिहाज से भी उत्तर प्रदेश के सबसे महत्वपूर्ण शहरी क्षेत्रों में शामिल हो जाएंगे।
