सौम्या द्विवेदी
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आह्वान पर ‘एक पेड़ मां के नाम’ वृक्षारोपण अभियान के अन्तर्गत गोरखपुर लिंक एक्सप्रेसवे पर भगवानपुर टोल प्लाजा के पास मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने पवित्र त्रिवेणी पौधे का रोपण एवं विकास वाटिका की स्थापना, एवं रामगढ़ताल रिंगरोड के पास मौलश्री पौधे का रोपण कर प्रदेश के 75 जिलों में एक साथ एक दिन में 35 करोड़ वृक्षारोपण अभियान का शुभारंभ किया। इस अवसर पर विभिन्न लाभार्थियों को पौध वितरण तथा कार्बन क्रेडिट के अन्तर्गत किसानों को प्रमाण पत्र का वितरण किया ।
अपने वक्तव्य में मुख्यमंत्री नें कहा कि धरती अपने सभी संसाधनों के साथ निरंतर हमारा भरण पोषण करती है। उन्होंने भारतीय मनीषा के संकल्प ‘‘ माता भूमि पुत्रोहम पृथिव्या‘‘, अर्थात धरती हमारी माता है तथा हम सब उनके पुत्र है का उल्लेख करते हुए कहा कि प्रकृति के पुत्र के रूप में इस निःस्वार्थ सेवा के प्रति एक पुत्र के रूप में अपने दायित्वों का निर्वहन करने के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा हर भारतवासी को एक पेड़ मां के नाम लगाने के आह्वान को राष्ट्रीय दायित्व समझते हुए सभी इस अभियान का हिस्सा बने एवं अपने परिवार के सदस्यों की स्मृति में पौध रोपण तथा उसकी सुरक्षा करें एवं धरती माता की आरोग्यता की रक्षा करनें का संकल्प लें।
भौतिक विकास के साथ पर्यावरण संरक्षण की दिशा में उप्र ने देशभर में वनाच्छादन को विस्तार देने में सफलता प्राप्त की है।
इस अवसर पर सांसद रवि किशन शुक्ला, विधायक सहजनवां प्रदीप शुक्ला ने लागों को संबोधित किया। इस अवसर पर मत्स्य मंत्री डा. संजय निषाद, राज्य सभा सांसद संगीता यादव, विधान परिषद के सदस्य डॉ0 धर्मेंद्र सिंह, विधायकगण विपिन सिंह, श्री राम चौहान, महेन्द्र पाल सिंह, फतेह बहादुर सिंह, डॉ. विमलेश पासवान, राजेश त्रिपाठी, राज्य महिला आयोग की उपाध्यक्ष चारु चौधरी, जिला अध्यक्ष जनार्दन तिवारी, महानगर अध्यक्ष रमेश प्रताप गुप्त, पूर्व महानगर अध्यक्ष राजेश गुप्ता सहित वरिष्ठ अधिकारी गण उपस्थित रहे।
"उत्तर प्रदेश भौतिक सम्पन्नता के साथ साथ प्राकृतिक समृद्धि के क्षेत्र में पूरे देश के लिए मानक बनेगा । यह महाभियान प्रकृति के प्रति एक पुत्र के रूप में हमारी जिम्मेदारी का निर्वहन औऱ सम्मान है"।-योगी आदित्यनाथ, मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश
"पूरे प्रदेश में व्यापक जनसहभागिता के माध्यम से पौधरोपण किया किया जा रहा। आगे भी यह अभियान विभिन्न पहलों के रूप में यथा रक्षाबंधन में भाई बहन एवं शिक्षक दिवस पर एक पेड़ गुरु के नाम आदि के रूप में अनवरत जारी रहेगा"।-अरुण कुमार सक्सेना, वन एवं पर्यावरण राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार)
