44,376 बूथों पर वोटिंग, 7,384 संवेदनशील केंद्रों पर कड़ी निगरानी, TMC और भाजपा के बीच सीधी टक्कर

सेंट्रल डेस्क, नई दिल्ली

पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के पहले चरण के तहत गुरुवार को राज्य के 16 जिलों की 152 सीटों पर मतदान जारी है। सुबह से ही विभिन्न मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की लंबी कतारें देखी जा रही हैं। इस चरण में कुल 1,478 उम्मीदवार चुनावी मैदान में हैं, जिनकी किस्मत का फैसला करीब 3 करोड़ 60 लाख मतदाता करेंगे।

चुनाव आयोग ने मतदान प्रक्रिया को सुचारु और निष्पक्ष बनाने के लिए व्यापक इंतजाम किए हैं। इस चरण के लिए कुल 44,376 मतदान केंद्र बनाए गए हैं, जिनमें लगभग 3,000 सहायक बूथ भी शामिल हैं। खास बात यह है कि 7,384 मतदान केंद्रों को अत्यधिक संवेदनशील घोषित किया गया है, जहां सुरक्षा के कड़े प्रबंध किए गए हैं। इसके अलावा 5,444 बूथों का संचालन पूरी तरह महिला कर्मियों द्वारा किया जा रहा है, जबकि 207 मॉडल बूथ भी तैयार किए गए हैं ताकि मतदाताओं को बेहतर सुविधाएं मिल सकें।

राज्य की सियासत इस बार भी बेहद गर्म है, जहां सत्तारूढ़ तृणमूल कांग्रेस और भारतीय जनता पार्टी के बीच सीधा मुकाबला देखने को मिल रहा है। दोनों ही दलों ने चुनाव को प्रतिष्ठा का प्रश्न बना लिया है और अपने-अपने पक्ष में माहौल बनाने के लिए पूरी ताकत झोंक दी है।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लोगों से लोकतंत्र के इस महापर्व में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेने की अपील की। उन्होंने खासतौर पर युवाओं और महिलाओं से अधिक से अधिक संख्या में मतदान करने का आग्रह किया।

वहीं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि यह चुनाव बंगाल के वर्तमान के साथ-साथ उसके भविष्य के लिए भी निर्णायक है। उन्होंने आरोप लगाया कि मजबूत नेतृत्व ही राज्य को घुसपैठियों, सिंडिकेट और कटमनी जैसे तंत्र से मुक्त करा सकता है और माताओं-बेटियों के लिए सुरक्षित माहौल बना सकता है। उन्होंने मतदाताओं से पहले मतदान, फिर जलपान करने की अपील भी की।

गौरतलब है कि पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव का दूसरा चरण अगले बुधवार को आयोजित किया जाएगा, जिसके लिए राजनीतिक दलों ने अपनी रणनीति को और तेज कर दिया है।