मौसम विभाग ने दिल्ली के लिए रेड अलर्ट जारी करते हुए लोगों से सतर्क रहने की सलाह दी है
नई दिल्ली : राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली और उससे सटे नोएडा, गुरुग्राम तथा गाजियाबाद में लगातार हो रही मूसलाधार बारिश ने जनजीवन को पूरी तरह प्रभावित कर दिया है। कई इलाकों में सड़कें पानी में डूब गईं, बाजारों में जलभराव हो गया और प्रमुख मार्गों पर लंबा ट्रैफिक जाम लग गया। जगह-जगह पेड़ गिरने और जलनिकासी व्यवस्था चरमराने से लोगों को घंटों परेशानी का सामना करना पड़ा।
बारिश के बीच नोएडा में एक इमारत का हिस्सा ढह गया, जिससे कई वाहन मलबे में दब गए। वहीं दिल्ली के रोहिणी इलाके में निर्माणाधीन इमारत गिरने की घटना में चार लोगों की मौत हो गई। राहत एवं बचाव दल ने मौके पर पहुंचकर अभियान चलाया, जबकि प्रशासन ने आसपास के क्षेत्र को सुरक्षा की दृष्टि से खाली करा दिया।
हालात को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने ट्रैफिक एडवाइजरी जारी की है। कई प्रमुख मार्गों पर जलभराव और धीमी रफ्तार से वाहनों की आवाजाही के कारण लंबा जाम लगा रहा। उधर, गाजियाबाद प्रशासन ने खराब मौसम को देखते हुए जिले के स्कूलों को बंद रखने का आदेश जारी किया है।
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने दिल्ली के लिए रेड अलर्ट जारी करते हुए दिनभर गरज-चमक के साथ मध्यम से भारी बारिश की चेतावनी दी है। विभाग के अनुसार, राजधानी का न्यूनतम तापमान 24.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 3.6 डिग्री कम है।
आईएमडी के आंकड़ों के मुताबिक, सफदरजंग मौसम केंद्र में सुबह साढ़े आठ बजे तक पिछले 24 घंटों के दौरान 72.6 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई। वहीं लोधी रोड में 80.2 मिलीमीटर, रिज क्षेत्र में 77.8 मिलीमीटर, पालम में 63.0 मिलीमीटर और आयानगर में 57.4 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई।
भारी बारिश के बीच सोशल मीडिया पर दिल्ली-एनसीआर के कई वीडियो और तस्वीरें भी सामने आई हैं। इनमें कई सड़कें घुटनों तक पानी में डूबी दिखाई दे रही हैं। लोग जलभराव के बीच पैदल निकलने को मजबूर हैं, जबकि वाहन रेंगते हुए आगे बढ़ रहे हैं। कई स्थानों पर गिरे पेड़ों ने यातायात पूरी तरह बाधित कर दिया।
गाजियाबाद में भी बारिश ने कई स्थानों पर नुकसान पहुंचाया। मोहन नगर स्थित सेवियर पार्क सोसाइटी में एक बालकनी का छज्जा गिर गया। वहीं, गौशाला अंडरपास में भारी जलभराव होने से आवागमन प्रभावित रहा। तुलसी निकेतन सोसाइटी में भी एक इमारत की छत का प्लास्टर गिर गया। हालांकि इस घटना में किसी के हताहत होने की सूचना नहीं है।
लगातार जारी बारिश और मौसम विभाग की चेतावनी को देखते हुए प्रशासन हालात पर नजर बनाए हुए है। राहत एवं बचाव दल को अलर्ट पर रखा गया है और लोगों से अपील की गई है कि जलभराव वाले क्षेत्रों में जाने से बचें तथा मौसम विभाग और प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करें।
