गणेश धर द्विवेदी

दिल्ली में लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा समेत विपक्षी नेताओं के प्रदर्शन के दौरान हिरासत में लिए जाने के विरोध में कांग्रेस ने गुरुवार को देवरिया में काला दिवस मनाया। जिले के सभी 16 ब्लॉकों में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने धरना-प्रदर्शन कर केंद्र सरकार के खिलाफ विरोध जताया। कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया कि लोकतांत्रिक तरीके से उठाई जा रही विपक्ष की आवाज को दबाने का प्रयास किया जा रहा है।

दिल्ली में विपक्षी दलों के नेताओं ने विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) और मतदाता सूची से जुड़े मुद्दों को लेकर मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग करते हुए प्रदर्शन किया था। प्रदर्शन के दौरान पुलिस द्वारा नेताओं को रोके जाने और बाद में हिरासत में लिए जाने के बाद कांग्रेस ने देशभर में विरोध कार्यक्रम का आह्वान किया।

देवरिया में आयोजित प्रदर्शनों में कांग्रेस जिलाध्यक्ष विजयशेखर मल्ल रोशन ने कहा कि राहुल गांधी, प्रियंका गांधी, मल्लिकार्जुन खड़गे समेत इंडिया ब्लॉक के नेता मतदाता सूची और कथित ‘वोट चोरी’ के मुद्दे पर सवाल उठा रहे हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार पुलिस तंत्र का इस्तेमाल कर विपक्ष के आंदोलन को रोकने का प्रयास कर रही है।

कांग्रेस नेता मुकुंद भास्कर मणि त्रिपाठी ने चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को लेकर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा कि विपक्ष लगातार ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग कर रहा है, लेकिन केंद्र सरकार इस पर कार्रवाई नहीं कर रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान विपक्षी नेताओं के साथ दुर्व्यवहार किया गया और उन्हें हिरासत में लिया गया।

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि चुनावी प्रक्रिया, लोकतांत्रिक अधिकारों और मतदाता सूची से जुड़े सवालों को लेकर पार्टी अपना आंदोलन जारी रखेगी। नेताओं ने कहा कि यह मुद्दा सड़क से लेकर संसद तक उठाया जाएगा। जिले के 16 ब्लॉकों में हुए प्रदर्शन के जरिए कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया।