एरिया कमांडर के मारे जाने से नक्सल नेटवर्क को झटका, राज्य को माओवाद मुक्त घोषित करने के बाद फिर बढ़ी हलचल
छत्तीसगढ़। कांकेर जिले में सोमवार सुबह सुरक्षा बलों और माओवादियों के बीच हुई एक तीखी मुठभेड़ में एक महिला उग्रवादी को मार गिराया गया। सुरक्षाबलों को यह सफलता उस समय मिली जब वे इलाके में नक्सल विरोधी अभियान के तहत सर्च ऑपरेशन चला रहे थे।
पुलिस के अनुसार, मारी गई महिला नक्सली की पहचान रूपी के रूप में हुई है, जो संगठन में एरिया कमांडर के पद पर सक्रिय थी और उस पर पांच लाख रुपये का इनाम घोषित था। वह प्रतापपुर क्षेत्र समिति से जुड़ी हुई थी और लंबे समय से सुरक्षाबलों के निशाने पर थी।
यह मुठभेड़ छोटे बेठिया थाना क्षेत्र के घने जंगलों में उस समय शुरू हुई, जब सुरक्षा बलों की टीम को नक्सलियों की मौजूदगी की सूचना मिली। जैसे ही जवान इलाके में पहुंचे, घात लगाकर बैठे माओवादियों ने फायरिंग शुरू कर दी, जिसके बाद दोनों तरफ से जवाबी कार्रवाई हुई।
मुठभेड़ के बाद सुरक्षाबलों ने घटनास्थल से महिला नक्सली का शव और एक हथियार बरामद किया है। फिलहाल पूरे इलाके में सघन तलाशी अभियान जारी है, ताकि किसी अन्य उग्रवादी की मौजूदगी का पता लगाया जा सके।
गौरतलब है कि यह घटना ऐसे समय में हुई है जब हाल ही में 31 मार्च को सरकार ने छत्तीसगढ़ को सशस्त्र माओवाद से मुक्त घोषित किया था। ऐसे में इस मुठभेड़ ने एक बार फिर सुरक्षा एजेंसियों को सतर्क कर दिया है और यह संकेत दिया है कि नक्सली गतिविधियां पूरी तरह खत्म नहीं हुई हैं।
