सेवानिवृत सीसीएल कर्मी के बकाया भुगतान में खुला घूसखोरी का राज
बोकारो (झारखंड)
बोकारो जिला अंतर्गत सीसीएल कथारा कोलियरी परियोजना कार्यालय में उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब सीबीआई धनबाद की टीम ने सुनियोजित ट्रैप के तहत बड़ी कार्रवाई करते हुए प्रबंधक सह मानव संसाधन अधिकारी सुभाष चंद्र पासवान और झामुमो नेता व हिंद मजदूर किसान पंचायत के कथारा क्षेत्रीय सचिव शमसूल हक को 30 हजार रुए रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
बताया जाता है कि सीबीआई के एसपी डीएल मीणा के निर्देश पर गठित सदस्यीय टीम ने डीएसपी प्रिय रंजन के नेतृत्व में पूरे ऑपरेशन को अंजाम दिया। यह टीम सुबह करीब 11 बजे से ही कथारा परियोजना कार्यालय के आसपास नजर बनाए हुए थी। जैसे ही शाम करीब 5 से 6 बजे के बीच तय रकम का लेन-देन हुआ, टीम ने तुरंत दबिश देकर दोनों आरोपियों को मौके पर ही धर दबोचा। बताया जा रहा है कि देर रात तक सीसीएल कथारा अतिथि गृह के कमरे में लंबी पूछताछ के बाद दोनों को सीबीआई के टीम अपने साथ लेकर धनबाद रवाना हो गई।
मामले की शिकायत सुरेश किस्कू ने सीबीआई से की थी। उनके पिता कारू मांझी वर्ष 2024 में कथारा कोलियरी से सेवानिवृत्त हुए थे, लेकिन पिता को मिलने वाली बकाया राशि के भुगतान में लगातार बाधा डाली जा रही थी। आरोप है कि भुगतान के एवज में पीड़ित परिवार से 35 हजार रुपये की घूस मांगी गई थी।
पीड़ित की शिकायत के बाद टीम ने पूरी योजना बनाकर ट्रैप तैयार किया और निश्चित समय पर कार्रवाई करते हुए पूरे रिश्वतखोरी नेटवर्क का पर्दाफाश कर दिया। बोकारो के कथारा कोलियरी में सीबीआई की कार्रवाई से हड़कंप मचा हुआ है जानकारी अनुसार ऐसे कई भ्रष्ट अधिकारियों पर आने वाले कुछ ही दिनों में बड़ी कार्रवाई होने के संकेत हैं।
